मथुरा । वृंदावन में चिंतामणि कुंज, प्रेम मंदिर के पास में सभी सनातनी और संतो द्वारा सम्भल के न्यायालय के फैसले का स्वागत किया, श्री कृष्ण जन्म भूमि का मंदिर का केस लड़ रहे पक्षकार दिनेश फलाहारी ने कहा कि न्यायालय सबूत के आधार पर फैसला दिया है, मुस्लिम पक्ष के पास सबूत न होने के कारण न्यायालय ने हिंदू पक्ष में अपना फैसला सुनाया है और उस स्थान को विवादित ढांचा माना गया है, आचार्य बद्रीस जी महाराज ने कहा कि मुगल शासको द्वारा हमारे हिंदू मठ मंदिरों पर अवैध कब्जा किया गया था,अब न्यायालय के माध्यम से हम बहुत जल्दी अपने मंदिरों को वापस लेंगे, आचार्य अतुल कृष्ण दास ने कहा कि यह मुगल शासक बहुत ही निर्दयी थे और उन्होंने हमेशा से हमारे सनातन धर्म को नष्ट करने का प्रयास किया था, महामंडलेश्वर दशरथ नाथ जी महाराज ने कहा कि अब समय आ गया है कि हिंदू जाग रहा है और न्यायालय में अपने मंदिरों को वापस करने के लिए लड़ाई लड़ रहा है, आचार्य ज्ञानेश महाराज ने कहा कि हिंदुस्तान में जितने भी मंदिरों पर अवैध कब्जे हुए थे अब उन सभी मंदिरों को न्यायालय के द्वारा वापस लेंगे, इस मौके पर महामंडलेश्वर डॉक्टर आदित्यानंद जी महाराज सौरव गौड़,कन्हैया कौशिक, राजेश पाठक, महेंद्र मोहिनी शरण जी महाराज आदि मौजूद रहे