मथुरा श्री कृष्ण हनम भूमि संघर्ष न्यास के अध्यक्ष दिनेश शर्मा फलाहारी बाबा ने लिखा मुख्यमंत्री और राष्ट्रपति को पत्र श्री कृष्ण जन्म स्थान पर मूल गर्भ में नंद उत्सव मनाने की मांग की, संतों ने किया समर्थन पत्र के माध्यम से फलाहारी बाबा ने कहा है कि वंहा पर कृष्ण जन्माष्टमी के दिन माखन मिश्री का भोग भी लगाया जाय, उन्होंने योगी जी से कहा है कि आप हमारे हिंदुओं के गौरव में आप ही इस उत्तम कार्य को कर सकते हैं, आपने मस्जिद के बगल वाले बंद पड़े पार्क का ताला खुलवाया, आपने वहां पर बासेड़ा पूजन कराया, आपही हमारी अंतिम उम्मीद हैं. आपको बतादें कि यह वही फलाहारी बाबा है जिन्होंने तीन वर्ष पहले संकल्प लिया था कि जब तक मंदिर से मस्जिद नहीं हटेगी तब तक वह भोजन नहीं करेंगे, यह कृष्ण जन्मभूमि मंदिर मस्जिद केस में याचिका कर्ता भी हैं. इस मांग का वृंदावन के संतों ने भी समर्थन किया है, महामंडलेश्वर रामदास जी महाराज ने कहा कि माखन मिश्री का भोग तो ठाकुर जी को छप्पन भोग से भी ज्यादा प्रिय है,इसलिए वहां पर भोग प्रसाद जरूर लगना चाहिए, महंत बालकिशन दास जी महाराज ने कहा कि अबकी बार बृजवासियों की पुकार है और मूल गर्भ में ही उत्सव होना चाहिए, स्वामी अतुल कृष्ण दास जी ने कहा कि कृष्ण कन्हैया का जन्म उत्सव मूल गर्भ गृह में ही होना चाहिए, आचार्य राजेश चतुर्वेदी जी ने कहा कि हम भोजन कर लेते हैं और ठाकुर जी हमारे भूखे रहते हैं, यह हमारे लिए दुर्गा के पूर्ण है. हमारी मुख्यमंत्री जी से प्रार्थना है कि अबकी बार नंद उत्सव मूल गर्भ गृह में ही होना चाहिए, महंत अभीदास जी महाराज ने कहा कि यह हमारे सभी सनातनी हिंदुओं के लिए बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण बात है कि हम अपने कान्हा के लिए वहां पर माखन मिश्री का भोग नहीं लगा पाते हैं, संत रास विहारी जी महाराज, आचार्य सुमित कृष्ण जी और अनिल शास्त्री जी महाराज ने कहा कि सभी सनातनियों की इच्छा है कि अबकी बार माखन मिश्री का भोग और नन्द उत्सव श्री कृष्णा स्थान के मूल गर्भगृह में ही होना चाहिए